संजय दत्त की ये कहानी बहुत दिलचस्प है, पढ़कर चौंक जाएंगे आप !

3 months ago

नीतू कुमार - संजय दत्त की बायोपिक को दर्शकों ने खूब पसंद किया। फिल्म ने 340 करोड़ का बिजनेस किया। संजय दत्त की लव स्टोरी फिल्म में नहीं दिखाई गई थी। संजय ने 308 लड़कियों को डेट किया जिसमे से एक किमी काटकर भी थीं।  80 के दशक में संजय दत्त का अफेयर टार्जन गर्ल के नाम से मशहूर किमी काटकर से भी रहा । किमी काटकर के साथ संजय ने सिरफिरा, खून का कर्ज और तेजा जैसी फिल्मों में काम किया था। 

इन फिल्मों की शूटिंग के दौरान संजय और किमी काटकर का प्यार परवान चढ़ा। संजय दत्त और किमी काटकर के प्यार को मंजूरी किमी के परिवार वालों ने भी दे दी थी । संजय अक्सर किमी के कोलाबा वाले घर में जाया करते थे। संजय दत्त के लिए किमी की मां टीना काटकर उऩके पसंद का खाना बनाया करती थी। किमी और संजय का रिलेशनशिप दिनोंदिन गहरा होता जा रहा था । किमी संजय को लेकर काफी सीरियस थी लेकिन इसी दौरान एक फिल्म के मुहूर्रत पर संजय की नजर ऋचा शर्मा पर पड़ी। 

ऋचा शर्मा अमेरिका की रहने वाली थी और उन्हें बॉलीवुड में लॉन्च देवानंद ने किया था। फिल्म हम नौजवान से 1985 में वो बॉलीवुड में लॉ़न्च हुई थीं। संजय उनसे बात करने के लिए बेताब हो गए। उन्होंने काफी जुगाड़ करके ऋचा का नंबर खोज निकाला और उन्हें फोन कर डेट पर चलने के लिए लगे लेकिन ऋचा ने मना कर दिया मगर एक दिन वह मान गईं और इस तरह दोनों का रोमांस शुरू हुआ। फिल्म आग ही आग के सेट पर एक दिन संजय ने ऋचा को शादी का ऑफर दिया लेकिन ऋचा ने कहा कि वह इस बारे में सोचेंगी। इसके बाद संजय ने उन्हें काफी मनाया और आख़िरकार 1987 में दोनों की शादी हो गई। ऋचा शर्मा की खातिर संजय ने किमी काटकर को धोखा दे दिया। 

ऋचा संजय को इतनी पसंद आ गई कि संजय ने ऋचा से शादी रचा ली। अक्टूबर 1987 में संजय और ऋचा की शादी हो गई। पंजाबी रीति रिवाज से करीबी रिश्तेदारों की मौजूदगी में ये शादी हुई वहीं अगस्त 1988 में संजय दत्त पापा भी बन गए। ऋचा ने भी संजय से शादी के बाद फिल्मों में काम करना छोड़ दिया । 

 बेटी त्रिशला के साथ संजय काफी खुश थे लेकिन जल्द ही संजय की खुशी को नजर लग गई। त्रिशला के पैदा होने के 4 महीने बाद संजय किसी फिल्म की शूटिंग के लिए बाहर जा रहे थे । वो फ्लाइट में बैठने ही वाले थे कि उनके लिए एयरपोर्ट पर इमरजेंसी कॉल आया। संजय को बताया कि वाइफ ऋचा की तबियत बहुत खराब है। 

ऋचा का चेकअप करवाया गया तो पता चला कि उन्हें ब्रेन ट्यूमर है। ऋचा को इलाज के लिए अमेरिका ले जाया गया। मां नर्गिस की कैंसर से मौत के बाद ऋचा का ब्रेन ट्यूमर संजय दत्त के लिए बड़ा झटका था। संजय अब इस दुख को झेल नहीं पा रहे थे। वो इस गम से बाहर आना चाहते थे। ऋचा के परिवार वालों ने अमेरिका में उनका इलाज शुरु करवाया। करीब 8 सालों तक उनका इलाज चलता रहा । बहुत कोशिशों के बाद भी ऋचा को बचाया नहीं जा सका। 10 दिसंबर 1996 को उनका निधन हो गया।